अभिव्यक्ति की आजादी
तुम एक बैठी हुई चिड़िया को मार सकते हो।
तुम एक उड़ती हुई चिड़िया को मार सकते हो।
तुम उड़ने को तैयार एक चिड़िया को मार सकते हो।
लेकिन तुम दूसरी चिड़िया में उड़ने की इच्छा को नहीं मार सकते।
तुम एक बैठी हुई चिड़िया को मार सकते हो।
तुम एक उड़ती हुई चिड़िया को मार सकते हो।
तुम उड़ने को तैयार एक चिड़िया को मार सकते हो।
लेकिन तुम दूसरी चिड़िया में उड़ने की इच्छा को नहीं मार सकते।
Posted by सुबोध at 10:20 AM |
परमजीत बाली said...
बहुत बढिया!!
17 March, 2008 1:46 PM